अगर आप भी शेयर मार्किट में कदम रख रहे है या फिर आप रखना चाहते है तो आज हम आपको शेयर मार्किट से जुड़े सभी नियमो के वारे में बताने वाले है शेयर मार्किट में आपको कौन कौन से नियमो का पालन करना चाहिए क्योकि अगर आप इन नियमो का पालन नहीं करते है तो फिर आपको काफी ज्यादा नुकशान भी हो सकता है
तो आपको शेयर मार्केट को शुरू करने से पहले इसके नियमो के वारे में जरूर जान लेना चाहिए नहीं तो फिर आपको बाद में नुकशान का और कई तरह की समस्याओ का सामान करना पड़ सकता है
आज के समय में ऐसे वहुत से लोग है जो शेयर मार्केट में ट्रेड करते है इंवेस्टमनेट करते है लेकिन उन्हें भी शेयर मार्केट के नियमो के वारे में पता नहीं है लेकिन हम आपको आज डिटेल में शेयर बाजार के नियमो के वारे में बतायेगे जिससे आपको सही जानकरी मिले और आप शेयर मार्केट के वारे में और सीख सके
शेयर बाजार के मुख्य नियम (Share Market Ke Rules)
वैसे तो शेयर बाजार में कई तरह के नियम होते है लेकिन हम आपको कुछ मुख्य नियम के वारे में बताने वाले है जिन नियमो का पालन आपको करना चाहिए और अगर आपको इनके वारे में पता होगा तो फिर आप अपने नुकशान को भी कम कर सकते है
SEBI के नियमों का पालन करें
अगर आप शेयर बाजार में ट्रेडिंग करते है फिर इन्वेस्टिंग या कुछ भी काम जो शेयर बाजार से जुड़ा है तो फिर आपको SEBI के नियमो का पालना करना वहुत ही जरूरी होता sebi भारत सरकार के द्वारा शेयर मार्किट को काबू करने और ट्रांजेक्शन की सुविधा के लिए एक संस्था को बनाया है जिसे SEBI के नाम से जाना जाता है sebi ही शेयर मार्किट पर नियम और कानून लती है जिससे किसी को भी नुकशान न हो
SEBI का काम है निवेशकों की सुरक्षा और मार्केट की पारदर्शिता बनाए रखना। जिससे जो भी आपका इन्वेस्टमेंट है वह सेव रहे और कोई भी आपसे स्कैम नहीं कर पाए यह काम शेयर मार्किट में सेबी संभालती है
SEBI के कुछ मुख्य नियम:
- हर निवेशक को KYC (Know Your Customer) पूरा करना अनिवार्य है। जिससे उनकी जानकारी सरकार के पास रहे है जिसकी वजह से फेक कस्टमर्स को पकड़ा जा सके और स्कैम होने से रोका जा सके
- कोई भी ब्रोकर SEBI से रजिस्टर्ड होना चाहिए। जिससे कोई भी ब्रोकर जो मार्किट में नया आया है तो आपको उसमें अपना डीमैट अकाउंट खोलने से पहले यह देखना चाहिए की वह सेबी में रजिस्टर है या नहीं क्योकि फिर आपकी इन्वेस्मेंट की सुरक्षा की जिम्मेदारी सेबी की होती है
- इनसाइडर ट्रेडिंग (कंपनी की गुप्त जानकारी से ट्रेड करना) गैरकानूनी है।
- निवेशकों को हर लेनदेन की रसीद दी जानी चाहिए।
यानि की आप आज के समय में जिस भी ब्रोकर का यूज़ कर रहे है वो सेबी रजिस्टर होना चाहिए जिससे आपको अच्छी सुरक्षा दी जाएगी और अगर कोई सेबी रजिस्टर ब्रोकर आपके साथ कोई स्कैम करता है तो इसकी जिम्मेदारी सेबी की होती है
Demat और Trading Account जरूरी है
अगर आपको शेयर बाजार से कोई भी शेयर को खरीदना है तो फिर आपको शेयर खरीदने के लिए डीमैट अकाउंट की जरूरत पड़ती है बिना अकाउंट के आप कोई भी शेयर को नहीं खरीद सकते है
शेयर मार्केट में अगर आपको ट्रेडिंग भी करना है तो आपको एक सेबी रजिस्ट्रार ब्रोकर के साथ अपना डीमैट अकाउंट खुलवान होगा
| अकाउंट का नाम | काम |
|---|
| Demat Account | इसमें आपके शेयर डिजिटल रूप में रखे जाते हैं |
| Trading Account | इससे आप शेयर खरीदते और बेचते हैं |
आज के समय में वहुत से डीमैट अकाउंट खोलने के लिए प्लॅटफॉम है जिनमे से जो बेस्ट प्लेटफार्म है वो कुछ इस प्रकार से है आप Zerodha, Groww, Upstox, Angel One जैसे प्लेटफॉर्म पर खोल सकते हैं।
शेयर खरीदने-बेचने का समय (Market Timing)
शेयर मार्केट के अगले नियम की बात करे तो शेयर को खरीदने और बेचने के लिए भी नियम बनाया गया है जिसमे आप एक निश्चित समय के अंदर ही किसी भी शेयर को खरीद और बेच सकते है बिना इसके आपको शेयर को खरीदने और बेचने की सुविधा नहीं है ये नहीं है की जब भी आपका मन हुआ अपने शेयर बेच दिया ऐसा नहीं होगा आपको एक समय दिया जाता है की उतने से लेकर इतने समय में आप अपना कोई भी ट्रांजेक्शन कर सकते है
| सत्र | समय |
|---|
| Pre-Open Market | सुबह 9:00 से 9:15 बजे तक |
| Regular Market | सुबह 9:15 से दोपहर 3:30 बजे तक |
| Post-Closing | शाम 3:30 से 4:00 बजे तक |
तो अगर आप ट्रेडिंग या फिर शेयर को खरीदते है तो ये केवल इस समय सिमा के अंदर ही की जा सकती है
लिमिट ऑर्डर और मार्केट ऑर्डर को समझें
जब भी आप शेयर को खरीदते है चाहे आप ट्रेडिंग करते हो या फिर इंवेस्टमनेट तो आपको शेयर खरीदने के लिए दो ऑप्शन दिए जाते है
| प्रकार | विवरण |
|---|---|
| Market Order | जो भी मौजूदा कीमत है, उसी पर शेयर खरीदें |
| Limit Order | आप खुद कीमत तय करते हैं जिस पर शेयर खरीदना/बेचना है |
अगर आप शुरुआत कर रहे है तो आपको लिमिट आर्डर का यूज़ करके अपनी कीमत के अनुसार आप शेयर को खरीद सकते है ताकि गलत कीमत पर आपको शेयर न मिले
एक दिन में शेयर खरीद-बेचने का नियम (Intraday Rule)
अगले नियम की बात करे तो यह नियम इंट्राडे ट्रेडिंग से रिलेटेड है जैसे अगर आप इंटरडे ट्रेड करते है तो फिर आपको एक निश्चित समय सीमा के अंदर शेयर को बेचना होता है यानि की 1 दिन में ही आपको अपनी पोजीशन को स्क्वायर ऑफ करना होगा अगर आप ये नहीं करते है
तो फिर आपका ब्रोकर आटोमेटिक आपकी पोजीशन को काट देगा इसके फिर आपको अलग से ब्रोकर को चार्ज देना पड़ता है तो आप जब भी इंट्राडे ट्रेड ले तो ध्यान रखे की आपको इतने से इतने समय के अंदर आपको अपनी ट्रेड को पूरा करना है पोजीशन को स्क्वायर ऑफ करना है
Tax और Charges के नियम
| चार्ज का नाम | प्रतिशत / विवरण |
|---|---|
| Brokerage | ब्रोकर द्वारा लिया जाने वाला शुल्क |
| STT (Securities Transaction Tax) | 0.1% से 0.025% तक |
| GST | Brokerage पर 18% |
| SEBI Charges | 0.0001% |
| Stamp Duty | राज्य के अनुसार |
निष्कर्ष (Conclusion)
तो ये कुछ बेसिक से नियम होते है शेयर मार्किट के तो अगर आप इन नियमो का अच्छे से पालन करते है तो फिर आपको इसमें कम से कम नुकशान होगा और फिर आपसे कोई गलती भी नहीं होगी इसके अलावा और भी छोटे मोठे नियम होते है जिनको आपको फॉलो करना होगा